शैतान का आखिरी पहर" अमावस की एक काली रात और एक भूली-बिसरी हवेली का रहस्य। अमावस की काली रात थी। आसमान में एक भी तारा नहीं चमक रहा था, मानो कायनात ने अपनी आँखें बंद कर ली…