एक अधूरी दुआ और खुदा का फैसला शहर के शोर-शराबे से दूर एक छोटा सा घर था, जहाँ सादिक नाम का एक नेक इंसान रहता था। सादिक की ज़िंदगी की एक ही ख्वाहिश थी—उसका बेटा एक बड़ा अफसर बने। उसन…